Tuesday, August 25, 2026
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देश की सबसे बड़ी माइंस गेवरा में 1000 MT का है कोल रिजर्व, क्षमता विस्तार की तैयारी

गेवरा परियोजना के क्षमता विस्तार की भी तैयारी चल रही है। खदान की उत्पादन क्षमता 50.5 मिलियन टन से बढ़ाकर 72 मिलियन टन किया जाएगा।

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नई दिल्ली, 21 मार्च। साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (SECL) की गेवरा परियोजना में एक हजार मिलियन टन (MT) का कोयला भंडारित है। देश की सबसे बड़ी इस कोयला खदान की उत्पादन क्षमता 52.5 मिलियन टन है। 20 मार्च, 2023 की स्थिति में गेवरा से 50.22 मिलियन टन उत्पादन दर्ज हुआ है।

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कोल इंडिया (CIL) की अनुषांगिक एसईसीएल की गेवरा परियोजना छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में स्थित है। देश की सबसे बड़ी गेवरा खदान में एक हजार मिलियन टन (MT) कोयला का रिजर्व उपलब्ध है। गेवरा खदान वर्तमान कोयला उत्पादन के हिसाब से लगभग 10 सालों तक अकेले देश को ऊर्जा आपूर्ति हेतु कोयला उपलब्ध करने में सक्षम है।

गेवरा परियोजना के क्षमता विस्तार की भी तैयारी चल रही है। खदान की उत्पादन क्षमता 50.5 मिलियन टन से बढ़ाकर 72 मिलियन टन किया जाएगा। क्षमता विस्तार हेतु पर्यावरणीय जनसुनवाई के लिए छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल के समक्ष ईआईए रिपोर्ट प्रस्तुत की गई है।

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यहां बताना होगा कि एसईसीएल वर्तमान में एसईसीएल कोयला उत्पादन के लिहाज से देश की दूसरी बड़ी कंपनी है। चालू वित्तीय वर्ष में कंपनी के समक्ष 182 मिलियन टन कोयला उत्पादन का लक्ष्य है। 20 मार्च की स्थिति में एसईसीएल ने 158.17 मिलियन टन उत्पादन दर्ज कर लिया है।

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