Tuesday, August 25, 2026
Home Industrial (हिंदी) कोल कोयला आधारित उद्योगों में आर्थिक विविधीकरण को लेकर प्री रिपोर्ट कंसल्टेशन एवं...

कोयला आधारित उद्योगों में आर्थिक विविधीकरण को लेकर प्री रिपोर्ट कंसल्टेशन एवं कार्यशाला का हुआ आयोजन

कार्यशाला के दौरान रामगढ़ जिले में कोल निर्भरता को कम करने को लेकर कई महत्वपूर्ण विषयों पर संबंधित अधिकारियों के साथ चर्चा की गई।

Advertisement

रामगढ़ (झारखण्ड), 24 अगस्त। शनिववार को कोयला आधारित उद्योगों में आर्थिक विविधीकरण पर जिला समाहरणालय सभाकक्ष में स्वनीति इनीशिएटिव एवं डिजिटल एंपावरमेंट फाऊंडेशन द्वारा प्री रिपोर्ट कंसल्टेशन एवं कार्यशाला का आयोजन किया गया।

इसे भी पढ़ें : राष्ट्रीय कोयला खान सुरक्षा रिपोर्ट पोर्टल, कोल सेक्रेटरी ने की समीक्षा

कार्यशाला के दौरान पुलिस उपाधीक्षक मुख्यालय, जिला पंचायती राज पदाधिकारी, जिला योजना पदाधिकारी, जिला खनन पदाधिकारी, परियोजना निदेशक आत्मा सहित जिले के अन्य विभागों के अधिकारी व कर्मी उपस्थित रहे।

industrial punch is now on Whatsapp Channels. Click here to join

Advertisement

इस दौरान स्वनीति इनीशिएटिव से ऋषि किशोर एवं दीक्षा पांडे के द्वारा रामगढ़ जिले में कोयले पर निर्भरता को कम करने, कोल आधारित परियोजनाओं में आर्थिक विविधीकरण यथा खनिज प्रभावित क्षेत्रों में नए उद्योग जैसे फूड प्रोसेसिंग, मैन्युफैक्चरिंग, मत्स्य पालन, कृषि तथा पर्यटन सहित अन्य क्षेत्रों के विकास को लेकर राष्ट्रीय अंतरराष्ट्रीय स्तर पर किए गए केस स्टडीज एवं रामगढ़ जिले के दृष्टिकोण से कोयले पर निर्भरता को कम करने को लेकर तैयार किए गए रिपोर्ट से संबंधित पीपीटी प्रेजेंटेशन दी गई।

industrial punch is now on Whatsapp Channels. Click here to join

कार्यशाला के दौरान रामगढ़ जिले में कोल निर्भरता को कम करने को लेकर कई महत्वपूर्ण विषयों पर संबंधित अधिकारियों के साथ चर्चा की गई। कार्यशाला में स्वनीति इनीशिएटिव की ट्रस्टी उमा भट्टाचार्य ने स्वागत भाषण दिया व प्रबंधक डिजिटल एंपावरमेंट फाऊंडेशन अर्पिता कांजीलाल ने विषय प्रवेश किया।

इसे भी पढ़ें : SECL की नेट वर्थ 14,359 करोड़ के रिकॉर्ड स्तर पर

कार्यशाला के दौरान स्वनीति से फील्ड स्पेशलिस्ट कुमार सत्येंद्र सिंह सुरेश राम, डिजिटल एंपावरमेंट फाऊंडेशन से शहनाज, जिले के विभिन्न कल उद्योगों, सीसीएल, टाटा स्टील आदि के प्रतिनिधि उपस्थित थे।’

Advertisement
कोल इंडिया की 10 मेगा माइंस ने Q1 में बनाया रिकॉर्ड, SECL, NCL और MCL की खदानों का दबदबा भारत के सर्वाधिक कोयला भंडार वाले सात राज्यों के बारे में जानें: वित्तीय वर्ष 2025- 26 : कोल इंडिया लिमिटेड की टॉप- 10 खदान कोल इंडिया ने डिस्पैच का टारगेट भी किया कम, देखें 2026- 27 का कंपनीवार नया लक्ष्य कोल इंडिया ने घटाया लक्ष्य, देखें 2026- 27 का कंपनीवार नया टारगेट