एसईसीएल (SECL) के सतर्कता विभाग ने सूत्रों से प्राप्त जानकारी के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए कंपनी की संपत्ति की चोरी में संलिप्त कर्मियों की पहचान की है।
सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार, कोरबा क्षेत्र की राजगमार एवं ढेलवाड़ीह खदानों के कुछ कर्मियों द्वारा स्टोर से सामान इशू करवाने के बाद लोहे/स्क्रैप को कबाड़ी की दुकानों पर बेचे जाने की गतिविधि सामने आई थी।
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सतर्कता विभाग की टीम ने संबंधित गाड़ियों की संख्या के आधार पर जांच कर दोषी कर्मियों की पहचान की।
कोरबा क्षेत्रीय प्रबंधन ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए दोषी पाए गए 6 कर्मियों पर तत्काल प्रभाव से निलंबन की कार्यवाही की है।
एसईसीएल प्रबंधन कंपनी की संपत्ति की सुरक्षा और पारदर्शिता के लिए प्रतिबद्ध है तथा इस प्रकार की गतिविधियों के प्रति शून्य सहनशीलता (Zero Tolerance) की नीति अपनाता है। प्रबंधन ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में भी इस तरह की किसी भी अनियमितता या भ्रष्टाचार को कड़े स्तर पर निपटाया जाएगा।
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विदित हो कि इससे पहले एसईसीएल की कॉलोनियों में अवैध बिजली कनेक्शन को लेकर भी सतर्कता विभाग द्वारा कार्यवाही की गई थी।
इसके साथ ही प्रोजेक्ट डिजीकोल के अंतर्गत आधुनिक सेंसर तकनीक से डीजल चोरी जैसी गतिविधियों पर भी लगाम लगाने की दिशा में पहल की है।
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