Tuesday, August 25, 2026
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कोयला कामगारों के 11वें वेतन समझौते की राह आसान नहीं, लंबी लड़ाई लड़नी होगी : रमेन्द्र कुमार

वेतन समझौते को अंतिम परिणाम तक पहुंचाने के लिए लंबी लड़ाई लड़नी होगी। लड़ाई तभी लड़ी जा सकेगी जब सभी श्रमिक संगठन एक मंच पर आएंगे।

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नई दिल्ली, 10 अक्टूबर। एटक के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं जेबीसीसीआई सदस्य रमेन्द्र कुमार ने कहा कि कोयला कामगारों के 11वें वेतन समझौते का रास्ता आसान नहीं है। सभी श्रमिक संगठनों को एकजुट होकर एक मंच पर आना होगा।

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श्री कुमार यूनाइटेड कोल वर्कर्स यूनियन की केन्द्रीय कार्यकारिणी की बैठक को संबोधित कर रहे थे। एटक नेता ने कहा कि न ही कोल इंडिया और न ही कोयला मंत्रालय द्वारा 11वें वेतन समझौते को लेकर बन रही स्थिति को स्पष्ट किया जा रहा है। ऐसे में वेतन समझौता की राह आसान नहीं दिख रही है। वेतन समझौते को अंतिम परिणाम तक पहुंचाने के लिए लंबी लड़ाई लड़नी होगी। लड़ाई तभी लड़ी जा सकेगी जब सभी श्रमिक संगठन एक मंच पर आएंगे।

रमेन्द्र कुमार एक सुलझे हुए श्रमिक नेता हैं। उनके पास एक व्यापक अनुभव है। श्री कुमार की इस बात के मायने यही है कि वेतन समझौते के लिए श्रमिक संगठन ही नहीं कोयला कामगारों को भी एकजुटता दिखानी होगी।

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यहां बताना होगा कि कोयला कामगारों का 11वां वेतन समझौता डीपीई की गाइडलाइन में उलझ गया है। इसी वजह से एमजीबी पर बात नहीं बन पा रही है। गाइडलाइन में छूट दिए जाने को लेकर कोल इंडिया प्रबंधन ने कोयला मंत्रालय से गुहार लगाई है।

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